भारत की जानी-मानी डिजिटल गुड्स ट्रांसपोर्ट कंपनी Porter ने इलेक्ट्रिक मोबिलिटी की दिशा में एक बड़ा कदम उठाया है। 13 अगस्त 2026 को दिल्ली में एक खास कार्यक्रम के दौरान केंद्रीय सड़क परिवहन और राजमार्ग मंत्री नितिन गडकरी ने Porter के 10,000वें इलेक्ट्रिक ट्रक को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। यह उपलब्धि भारत के लॉजिस्टिक्स सेक्टर को प्रदूषण मुक्त बनाने की दिशा में एक बड़ा बदलाव मानी जा रही है।
इस मौके पर नितिन गडकरी ने कहा कि माल ढुलाई के क्षेत्र में इलेक्ट्रिक वाहनों का बढ़ता इस्तेमाल देश के लिए बहुत गर्व की बात है। उन्होंने कहा कि पिछले दस सालों में भारत ने इलेक्ट्रिक वाहनों का एक मजबूत इकोसिस्टम तैयार किया है। आने वाले पांच से दस सालों में हमें इसी तरह की नई तकनीक, बेहतर चार्जिंग इंफ्रास्ट्रक्चर और सरकारी नीतियों के सपोर्ट की जरूरत है ताकि हम दुनिया में ग्रीन मोबिलिटी के मामले में सबसे आगे निकल सकें।
Porter के मौजूदा बेड़े पर नजर डालें तो कंपनी पहले से ही 50,000 से ज्यादा इलेक्ट्रिक वाहनों का संचालन कर रही है। इसमें इलेक्ट्रिक ट्रक, मिनी-ट्रक और तीन पहिया वाहन शामिल हैं। कंपनी का लक्ष्य है कि अगले पांच सालों में वह अपने इलेक्ट्रिक बेड़े को चार गुना तक बढ़ा ले। Porter के सीईओ उत्तम दिग्गा ने बताया कि इलेक्ट्रिक ट्रक देश की माल ढुलाई को सस्ता और साफ-सुथरा बनाने में बड़ी भूमिका निभाएंगे। इसके लिए कंपनी लगातार चार्जिंग इंफ्रास्ट्रक्चर और फाइनेंसिंग जैसी चुनौतियों पर काम कर रही है।
Porter के को-फाउंडर प्रणव गोयल ने इस सफलता का श्रेय अपने ड्राइवर-पार्टनर्स और सरकारी नीतियों को दिया है। कंपनी अपनी टेक्नोलॉजी के दम पर अब तक 185 करोड़ किलोमीटर की ऐसी यात्राएं बचा चुकी है, जिसमें गाड़ियां खाली चलती थीं। इससे देश को ईंधन आयात में 1,000 करोड़ रुपये से ज्यादा की बचत हुई है। Porter की ये कोशिशें प्रधानमंत्री गति शक्ति और नेशनल लॉजिस्टिक्स पॉलिसी के लक्ष्यों को पूरा करने में भी मददगार साबित हो रही हैं।
| Index | Details |
|---|---|
| Current Electric Fleet | 50,000+ Vehicles |
| Milestone Reached | 10,000th Electric Truck |
| Fuel Savings | Over ₹1,000 Crore |
| Empty Runs Saved | 185 Crore Kilometers |



