HAL का धमाका: ₹2,491 करोड़ का हेलीकॉप्टर लीजिंग प्रोग्राम शुरू!

भारतीय विमानन क्षेत्र में एक बहुत बड़ा बदलाव आने वाला है! हिंदुस्तान एयरोनॉटिक्स लिमिटेड (HAL) और SkyPulse Solutions IFSC प्राइवेट लिमिटेड ने एक ऐतिहासिक समझौता (MoU) किया है। इस महा-प्रोजेक्ट की कुल वैल्यू ₹2,491 करोड़ है, जो भारत के हेलीकॉप्टर इकोसिस्टम को पूरी तरह बदल कर रख देगा।
30 नए हेलीकॉप्टर और दमदार स्पेसिफिकेशन
इस समझौते के तहत, HAL द्वारा निर्मित कुल 30 हेलीकॉप्टरों को शामिल किया जाएगा। इसमें विशेष रूप से निम्नलिखित मॉडल्स पर ध्यान दिया जाएगा:
- Next-Generation Dhruv: ट्विन-इंजन वाला शक्तिशाली प्लेटफॉर्म।
- Single-Engine Platforms: हल्के और फुर्तीले हेलीकॉप्टर।
इन हेलीकॉप्टरों का इस्तेमाल केवल यात्रा के लिए नहीं, बल्कि समाज की भलाई के लिए भी किया जाएगा। इनका मुख्य उपयोग मेडिकल इमरजेंसी, एयर एम्बुलेंस, आपदा प्रबंधन (Disaster Response) और क्षेत्रीय पर्यटन (Regional Tourism) जैसे महत्वपूर्ण क्षेत्रों में होगा।
GIFT City बनेगा एविएशन फाइनेंस का नया हब
SkyPulse Solutions, जिसका मुख्यालय गुजरात इंटरनेशनल फाइनेंस टेक-सिटी (GIFT City) में है, इस प्रोग्राम को चलाने के लिए IFSC रेगुलेटरी फ्रेमवर्क का उपयोग करेगा। इस पहल का सबसे बड़ा फायदा यह है कि यह भारत के घरेलू विमान निर्माण को वैश्विक स्तर पर ले जाएगी।
निवेशकों और लीजिंग के लिए शानदार फायदे
भारत सरकार की नीतियों का लाभ उठाते हुए, इस लीजिंग मॉडल में कई बड़े वित्तीय फायदे शामिल हैं:
- लीजिंग संस्थाओं के लिए 20 साल का इनकम टैक्स हॉलिडे।
- लीज रेंटल पर कोई विदहोल्डिंग टैक्स नहीं।
- GST की दर मात्र 5% पर सीमित।
- Protection of Interests in Aircraft Objects Act 2025 का समर्थन।
एक नया भविष्य: स्वदेशी और आधुनिक
SkyPulse Solutions के डायरेक्टर गगन जैकब्स के अनुसार, यह समझौता भारत के सिविल हेलीकॉप्टर इकोसिस्टम के विकास में एक मील का पत्थर साबित होगा। यह साझेदारी रक्षा मंत्रालय द्वारा समर्थित HAL की स्वदेशी मैन्युफैक्चरिंग और आधुनिक एसेट मैनेजमेंट का एक बेहतरीन संगम है।
इस कदम से न केवल भारत में विमानों की उपलब्धता बढ़ेगी, बल्कि GIFT City के माध्यम से एविएशन फाइनेंस भी अब भारत के भीतर ही मजबूती से खड़ा होगा।